लैंडस्केप गार्डनिंग बागवानी की मुख्य शाखा है, इसका मतलब होता है किसी स्थान को पेड़-पौधें, घास, फूलों, पानी, एवं अन्य चीजों की सहायता व्यवस्थित, सुंदर और उपयोगी बनाना | इसमें योजना बनाते है कौन- सा पौधा कहाँ लगाये, रास्ता कहाँ पर रखना है, लॉन कितने एरिया में होना चाहिए ,बैठने और पानी की व्यवस्था कहाँ की जाये |
लैंडस्केप गार्डनिंग घर के बगीचे, पार्क, स्कूल ,कॉलेज ,होटल, रिसोर्ट, गवर्नमेंट भवन और एग्रीकल्चर कॉलेज में की जाती है |
आज के आर्टिकल में हम समझेंगे लैंडस्केप क्या है, इसके प्रकार और हॉर्टिकल्चर में इसका महत्व क्या है |
b.sc एग्रीकल्चर एवं हॉर्टिकल्चर से ग्रेजुएशन करने के बाद स्टूडेंट्स लैंडस्केप में अपना करियर बना सकते है |
लैंडस्केप क्या है ?
लैंडस्केप किसी स्थान को सुंदर और सुव्यवस्थित बनाने की कला है | इसमें पेड़ -पौधें ,लॉन, पानी, बैठने की जगह और अन्य सजावटी चीजों को सही स्थान पर रखते है |
एक लाइन में लैंडस्केप की परिभाषा , किसी खुले स्थान को सुंदर ,उपयोगी, और व्यवस्थित बनाने की कला को लैंडस्केप कहा जाता है |
Landscape Horticulture क्या है?
लैंडस्केप हॉर्टिकल्चर कृषि विज्ञान की शाखा है इसमें प्राकृतिक और मानवनिर्मित स्थान की सुन्दरता बढ़ाने एवं हमारा पर्यावरण को बेहतर बनाने के लिए बनाने के लिए पेड़ -पौधें, झाड़ियों ,और घास को उगाने का अध्ययन किया जाता है |
इसमें फूल वाले पेड़, पौधें, झाड़ियों घास और ornamental पौधों का चुनाव किया जाता है |
लैंडस्केप हॉर्टिकल्चर का उपयोग विभिन्न स्थानों में किया जाता है –
- घर और आवासीय इलाके
- गवर्नमेंट पार्क
- स्कूल एवं कॉलेजों में
- एग्रीकल्चर एवं हॉर्टिकल्चर यूनिवर्सिटी में
- होटल, रिसोर्ट, resturants
- government भवन
- रोड और हाईवे के किनारे साइड
- सिटी के हरियाली वाले क्षेत्र में
- कारखाने के परिसरों में
Landscape के प्रमुख प्रकार
1. नेचुरल लैंडस्केप
वह भू- भाग जिसका निर्माण प्रकृति के द्वारा किया गया हो इसमें मानव का कोई भी हस्तक्षेप न हो नेचुरल लैंडस्केप कहलाता है |
नेचुरल लैंडस्केप मुख्य रूप से कुछ चीजों से मिलकर बनता है
- पर्वत, पहाड़ ,घाटियों, मैदान और पत्थर
- नदी, झील,सागर, महासागर , झरने तालाब
- प्राकृतिक रूप से उगने वाले पेड़- पौधें , घांसों के मैदान ,झाड़ियाँ
- वह रहने वाले पशु -पक्षी एवं जीव -जंतु
- धूप ,बारिश, वायु ,temprature उस क्षेत्र को आकार प्रदान करते है
2. Man-made (कृत्रिम) Landscape
Man-made Landscape मानव द्वारा प्लानिंग बनाकर तैयार किया जाता है। बहार के वातावरण जैसे गार्डन ,पार्क एवं खुले स्थान की सजावट के लिए कृत्रिम रूप से बनाये गये प्लांट्स (पौधें ) का उपयोग करते है |
विशेषताएँ:
- लॉन की केयर : इनमें रेगुलर कटाई की जरुरत प्राकृतिक ग्रास (घास) की की तुलना में कम होती है |
- कटाई -छटाई : पौधें और घास को नियमित कटाई- छटाई की जरुरत नही होती है |
- सोंदार्यता :लैंडस्केप को और शोभाकारी बनाने के लिए विभिन्न प्रकार के flower का इस्तेमाल कर सकते है |
- कृत्रिम संरचनाएँ : मूर्तियाँ ,क्रांकीट बेंच, मेज ,पानी का फव्वारा इत्यादि |
3. Formal Landscape
Formal Landscape इस शैली में सब कुछ एक निश्चित और सुव्यवस्थित तरीके से तैयार जाता है।
- प्लानिंग : सर्वप्रथम blank paper उद्यान का नक्शा बनाते है इसके बाद जमीन(भूमि ) का चुनाव करते है
- सममित योजना: इस शैली में उद्यान की योजना सममित (Symmetrical) होती है।
- ज्यामिति आकार : उद्यान का डिजाईन आयताकार ,वर्गाकार, गोलाकार रख सकते है |
- रास्ता : उद्यान में रास्ते एक – दूसरे को समकोण पर काटते है
- फूल की क्यारियां : वर्गाकार, आयताकार ,गोलाकार या अन्य आकृति की बनाई जाती है
- सजावट :उद्यान की सुन्दरता बनाने के लिए झरने ,फव्वारे, और जल का कुण्ड भी बना सकते है |
4. Informal Landscape
यह लैंडस्केप की वह शैली है, जिसमे प्राकृतिक सुन्दरता को दिखाया जाता है
प्रमुख विशेषताएं :
- दृश्य : इस शैली में गार्डन को नेचुरल वातावरण जैसा बनाया जाता है
- योजना : असममित (Asymmetrical) है भूमि के आकार के अनुसार बनाई जाती है |
- रास्ता : रास्ते सीधे न होकर घुमाव वाले और मुड़े होते है |
- पहाड़ : प्राकृतिक पहाड़ी जैसा दिखाने के लिए छोटे -छोटे पहाड़ और टीले बनाये जाते है
- पौधें की वृद्धि : पौधों को सामान्य रूप में बढ़ने दिया जाता है, फॉर्मल स्टाइल की तरह बार-बार आकार नही दिया जाता तथा जरूरत के अनुसार टाइम -टाइम में कांट – छाँट करते है
Landscape Gardening क्या है?
लैंडस्केप गार्डनिंग हॉर्टिकल्चर की शाखा है ,यह दो शब्दों से मिलकर बना है (लैंडस्केप प्लस गार्डनिंग) दोनों का अर्थ अलग -अलग है गार्डनिंग में केवल पेड़ -पौधों की खेती में फोकस किया जाता है | जबकि लैंडस्केप में कई तरह की चीजें शामिल होती है ,डिजाईन , इंस्टालेशन,डेवलपमेंट और मेंटेनेंस | सीधे शब्दों में लैंडस्केप का मतलब है – ऐसे बाहरी स्थान को डिजाईन करना जो काम की हो पर्यावरण के लिए अच्छी हो |
Landscape Gardening के घटक
लैंडस्केप बनाने के लिए निम्न सामग्रियों का उपयोग किया जाता है
Softscape
Softscape में जीवित और बागवानी वाले तत्व आते है जो वायु ,पानी तथा भूमि, प्रकाश के साथ मिलकर जीवन का संतुलन बनाये रखते है |
जैसे:
- पेड़
- Shrubs
- Flowering plants
- Lawn
- वाइन्स
- Climbers
- Ground cover plants
Hardscape
Hardscape non living element आते है ये गार्डन को आकार और ढांचा प्रदान करते है |
जैसे:
- रास्ते
- ईट के आँगन
- पत्थर के रास्ते
- सीढ़ियां
- दीवारें
- Bench
- कठोर पत्थर
- टाइल्स
- लकड़ी
Landscape Design kya hai ?
लैंडस्केप कला और विज्ञान दोनों है, सर्वप्रथम इसमें प्लानिंग बनाई जाती है , बाहर के स्थान जैसे :- स्कूल, कॉलेज, उद्यान ,पार्क, सोसाइटी, गवर्नमेंट हाउस , इत्यादि को सुंदर एवं व्यवस्थित कैसे बनाया जाये .जो देखने में आकर्षक लगे दूर से ही लोगो को अपनी ओरआकर्षित करे |
Landscape Design के प्रमुख Principles
1. Balance
लैंडस्केप डिजाईन में बैलेंस का अर्थ है – जगह में विज़ुअल वेट (आकर्षण) को इस प्रकार व्यवस्थित करना कोई एक हिस्सा एक- दूसरे पर भारी न लगे और दिखने में आकर्षक लगे | दो प्रकार के होते है
- फॉर्मल बैलेंस – गार्डन के दोनों तरफ एक जैसी चीजों को रखते है
- ex – एक प्रजाति के पौधें लगाना ,एक जैसा आकार देना |
- इनफॉर्मल बैलेंस – इसमें दोनों तरफ अलग -अलग वस्तुएं एवं पौधें होते है
- ex -जैसे एक तरफ बड़े-बड़े पेड़ तो दूसरी साइड छोटी झाड़ियाँ या फ्लावर्स लगे होते है जिससे दिखने का प्रभाव समान रहता है
2. Proportion
पौधों, रास्तों और दूसरी संरचनाओं का आकार उपलब्ध जगह के अनुसार होना चाहिए।
3. Unity
Landscape की सभी चीजें एक-दूसरे से जुड़ी हुई और एक ही Design का हिस्सा दिखाई देनी चाहिए।
4. Rhythm
एक ही तरह के पौधों या दूसरी चीजों को सही तरीके से दोहराने से Landscape में सुंदरता और एकरूपता आती है।
5. Contrast
अलग-अलग रंग, आकार और पत्तियों वाले पौधों को सही तरीके से लगाने से Landscape अधिक आकर्षक दिखाई दे सकता है।
6. Focal Point
Landscape में किसी एक खास स्थान या वस्तु को मुख्य आकर्षण बनाया जा सकता है। इसे Focal Point कहा जाता है।
उदाहरण के लिए Fountain, सुंदर पेड़ या कोई विशेष फूलों की क्यारी Focal Point हो सकती है।
7. Simplicity
Landscape में जरूरत से ज्यादा चीजें नहीं लगानी चाहिए। कम लेकिन सही चीजों का उपयोग करने से जगह ज्यादा साफ और सुंदर दिखाई दे सकती है।
प्रमुख Landscape Designs
दुनिया के अलग-अलग देशों में मौसम, संस्कृति और परंपराओं के अनुसार अलग-अलग Garden Designs विकसित हुए हैं।
Formal Garden Design
Formal Garden में सीधी लाइन, बराबर आकार की क्यारियां, symmetry और व्यवस्थित पौधरोपण किया जाता है।
इसमें हर चीज की जगह पहले से तय होती है।
Informal Garden Design
Informal Garden में प्राकृतिक रूप को अधिक महत्व दिया जाता है।
इसमें घुमावदार रास्ते और प्राकृतिक तरीके से लगाए गए पौधे दिखाई दे सकते हैं।
Japanese Garden Design
Japanese Garden में प्रकृति और सादगी को महत्व दिया जाता है।
इसमें अक्सर:
- पत्थर
- पानी
- पुल
- पेड़-पौधे
- रास्ते
का उपयोग किया जाता है।
Mughal Garden Design
भारत में Mughal Garden Design का महत्वपूर्ण स्थान है। इसमें सीधी रेखाओं, पानी की नहरों और बराबर भागों में बांटे गए garden का उपयोग किया जाता है।
Charbagh इसकी प्रसिद्ध व्यवस्था है, जिसमें garden को चार मुख्य भागों में बांटने की परंपरा रही है।
English Landscape Garden
English Landscape Garden में garden को प्राकृतिक रूप देने पर जोर दिया जाता है।
इसमें खुले lawn, पेड़, झाड़ियां, पानी और घुमावदार रास्तों का उपयोग किया जाता है।
Italian Garden Design
Italian Garden Design में व्यवस्थित Design, ज्यामितीय आकार, सीढ़ीनुमा garden, Fountain और दूसरी सजावटी संरचनाओं का उपयोग किया जाता है।
Modern Landscape Design
Modern Landscape Design में सरल और साफ Design को महत्व दिया जाता है।
इसमें सीधी लाइन, कम लेकिन सही पौधे और उपयोगी outdoor space बनाने पर ध्यान दिया जाता है।
इस तरह की Design घरों, offices, hotels और आधुनिक buildings के आसपास देखी जा सकती है।
भारत में Landscape Gardening
भारत में Landscape Gardening का उपयोग पुराने समय से अलग-अलग रूपों में किया जाता रहा है। आज इसका उपयोग traditional gardens के साथ-साथ आधुनिक parks और शहरों के हरे क्षेत्रों में भी किया जा रहा है।
भारत में अलग-अलग मौसम और मिट्टी होने के कारण अलग-अलग जगहों के लिए अलग पौधों का चयन किया जाता है।
Landscape Gardening का उपयोग इन जगहों पर किया जाता है:
- घर
- स्कूल और कॉलेज
- कृषि विश्वविद्यालय
- Botanical gardens
- Public parks
- Hotels
- Resorts
- सरकारी कार्यालय
- सड़क किनारे के हरे क्षेत्र
भारत की Garden history में Mughal gardens का महत्वपूर्ण स्थान है। आज इसके साथ modern और कम पानी में आसानी से विकसित होने वाले Landscape Designs पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
अन्य देशों में Landscape Gardening
अलग-अलग देशों में वहां के मौसम, संस्कृति और इतिहास के अनुसार अलग-अलग Garden Designs विकसित हुए हैं।
| देश | प्रमुख Garden/Landscape Style |
|---|---|
| भारत | Mughal और आधुनिक Garden |
| Japan | Japanese और Zen Garden |
| England | English Landscape Garden |
| France | Formal और Geometric Garden |
| Italy | Italian Garden |
| China | Traditional Chinese Garden |
इन सभी styles में पौधों के साथ पानी, रास्ते, पत्थर, भवन और दूसरी सजावटी चीजों का अलग-अलग तरीके से उपयोग किया जाता है।
Horticulture में Landscape का महत्व
Landscape Horticulture का महत्व केवल किसी जगह की सुंदरता बढ़ाने तक सीमित नहीं है। इसका उपयोग पर्यावरण और लोगों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए भी किया जाता है।
1. जगह की सुंदरता बढ़ाना
पेड़-पौधों और दूसरी चीजों की सही व्यवस्था किसी जगह को सुंदर और आकर्षक बना सकती है।
2. Green Spaces बनाना
शहरों में parks, gardens और green belts बनाने में Landscape की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
3. पर्यावरण के लिए उपयोगी
पेड़ और पौधे शहरों और अन्य क्षेत्रों में हरियाली बढ़ाने में मदद करते हैं।
4. मिट्टी को बचाने में मदद
कुछ पौधों को सही जगह लगाने से मिट्टी के कटाव को कम करने में मदद मिल सकती है।
5. जैव विविधता को बढ़ावा
अलग-अलग प्रकार के पौधे लगाने से तितलियों, मधुमक्खियों और दूसरे उपयोगी जीवों के लिए रहने और भोजन की जगह बन सकती है।
6. आराम और मनोरंजन
Parks और gardens लोगों को घूमने, बैठने और outdoor activities के लिए जगह उपलब्ध कराते हैं।
7. शहरों के लिए उपयोगी
शहरों में खुले और हरे स्थान कम होते जा रहे हैं। ऐसे में अच्छी Landscape Planning से उपलब्ध जगह का बेहतर उपयोग किया जा सकता है।
Landscape में लगाए जाने वाले प्रमुख पौधे
Landscape के लिए पौधों का चयन वहां के मौसम, मिट्टी, पानी और जगह के अनुसार किया जाना चाहिए।
पेड़
- Neem
- Amaltas
- Gulmohar
- Ashoka
झाड़ियां
- Hibiscus
- Ixora
- Bougainvillea
- Duranta
फूलदार पौधे
- Rose
- Marigold
- Petunia
- Chrysanthemum
Lawn के लिए पौधे
- Bermuda grass
- Doob grass
- Zoysia grass
ध्यान रखें कि हर पौधा हर जगह के लिए सही नहीं होता। इसलिए पौधे लगाने से पहले स्थानीय मौसम, मिट्टी और पानी की उपलब्धता को ध्यान में रखना चाहिए।
Landscape Design बनाते समय किन बातों का ध्यान रखें?
Landscape बनाने से पहले सही योजना बनाना बहुत जरूरी है।
- सबसे पहले जगह का आकार और उसकी बनावट समझें।
- मिट्टी की स्थिति देखें।
- दिन में कितनी धूप आती है, यह देखें।
- पानी की उपलब्धता जांचें।
- स्थानीय मौसम के अनुसार पौधों का चयन करें।
- पौधे बड़े होने के बाद कितनी जगह लेंगे, इसका ध्यान रखें।
- पानी निकलने के लिए सही Drainage व्यवस्था रखें।
- रास्ते और दूसरी संरचनाओं की जगह पहले तय करें।
- पौधों की देखभाल में लगने वाले समय और खर्च का ध्यान रखें।
- कम पानी वाली जगहों पर कम पानी में बढ़ने वाले पौधे लगाएं।
- पौधों के बीच उचित दूरी रखें।
- भविष्य में Landscape की देखभाल कैसे होगी, इसकी योजना पहले बनाएं।
Landscape और Gardening में अंतर
| आधार | Landscape | Gardening |
|---|---|---|
| अर्थ | पूरे खुले स्थान की योजना और व्यवस्था | मुख्य रूप से पौधे उगाना और उनकी देखभाल करना |
| क्षेत्र | बड़ा | अपेक्षाकृत छोटा |
| इसमें क्या शामिल है? | पौधे, रास्ते, पानी, lawn और दूसरी संरचनाएं | मुख्य रूप से पौधे और उनकी देखभाल |
| मुख्य उद्देश्य | सुंदरता, उपयोगिता और सही व्यवस्था | पौधों की अच्छी वृद्धि और देखभाल |
| उदाहरण | Park, campus, resort | Home garden, flower garden |
Landscape Gardening में Career
Landscape Horticulture और ornamental plants में रुचि रखने वाले विद्यार्थियों के लिए इस क्षेत्र में कई अवसर हो सकते हैं।
जैसे:
- Landscape Design
- Landscape Horticulture
- Garden Management
- Nursery Management
- Park Management
- Urban Horticulture
- Ornamental Plant Production
- Gardening Services
इस क्षेत्र में पौधों की जानकारी के साथ Landscape Design और पौधों की देखभाल की जानकारी भी उपयोगी होती है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Landscape किसी स्थान को पेड़-पौधों, lawn, रास्तों, पानी और दूसरी चीजों की मदद से सुंदर, उपयोगी और व्यवस्थित बनाने की योजना है।
Landscape Horticulture में पेड़-पौधों और बागवानी की तकनीकों की मदद से gardens, parks और खुले स्थानों को विकसित और व्यवस्थित किया जाता है।
Landscape Gardening में पेड़-पौधों, lawn, रास्तों, पानी और दूसरी चीजों की मदद से किसी खुले स्थान को सुंदर और उपयोगी बनाया जाता है।
Natural, Man-made, Formal, Informal, Urban और Residential Landscape इसके प्रमुख प्रकार हैं।
भारत में Landscape Gardening का उपयोग घरों, parks, universities, hotels, resorts, सरकारी भवनों और शहरों के हरे क्षेत्रों को विकसित करने में किया जाता है।
Conclusion
Landscape केवल किसी जगह को सुंदर बनाने का काम नहीं है। इसमें पौधों, रास्तों, lawn, पानी और दूसरी चीजों को सही तरीके से व्यवस्थित करके किसी स्थान को सुंदर, उपयोगी और व्यवस्थित बनाया जाता है।
Landscape Horticulture का उपयोग घरों से लेकर बड़े parks, universities, hotels और शहरों के green spaces तक किया जाता है। भारत में Mughal gardens की पुरानी परंपरा के साथ आज modern Landscape Designs का भी उपयोग किया जा रहा है।
दूसरे देशों में भी वहां के मौसम, संस्कृति और इतिहास के अनुसार अलग-अलग Garden Designs विकसित हुए हैं। Japanese, English, Italian और Chinese gardens इसके उदाहरण हैं।
एक अच्छा Landscape बनाने के लिए केवल सुंदर पौधे चुनना पर्याप्त नहीं है। मिट्टी, मौसम, पानी, धूप, जगह और पौधों की भविष्य में होने वाली वृद्धि को ध्यान में रखकर योजना बनाना जरूरी है। इसी कारण Landscape Gardening, Horticulture का एक उपयोगी और व्यावहारिक क्षेत्र है।

